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नशे के खिलाफ सख्ती: संवेदनशील इलाकों की होगी GIS मैपिंग, पोस्त की खेती पर छापेमारी के निर्देश

उत्तराखंड

नशे के खिलाफ सख्ती: संवेदनशील इलाकों की होगी GIS मैपिंग, पोस्त की खेती पर छापेमारी के निर्देश

नशा मुक्त समाज के लिए विभागीय समन्वय से चलाएं व्यापक जनजागरूकता अभियान- एडीएम

देहरादून। जिले में बढ़ते नशे के प्रचलन और मादक पदार्थों के अवैध कारोबार पर लगाम कसने के लिए प्रशासन ने कार्रवाई तेज करने के निर्देश दिए हैं। बुधवार को अपर जिलाधिकारी प्रशासन स्मृता परमार की अध्यक्षता में एनडीपीएस एक्ट, 1985 के तहत जिला स्तरीय एनकॉर्ड समिति की बैठक हुई। बैठक में नशे के खिलाफ अभियान को प्रभावी बनाने के साथ ही संवेदनशील क्षेत्रों की निगरानी और जनजागरूकता बढ़ाने पर जोर दिया गया।

अपर जिलाधिकारी ने संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करते हुए मादक पदार्थों की तस्करी और अवैध बिक्री पर प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि नशे की समस्या सिर्फ कानून-व्यवस्था से जुड़ा मुद्दा नहीं है, बल्कि इसका सीधा असर समाज और खासकर युवाओं के भविष्य पर पड़ता है। ऐसे में कार्रवाई के साथ लोगों को जागरूक करना भी जरूरी है।

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बैठक में शिक्षा, पुलिस, स्वास्थ्य और समाज कल्याण विभाग को मिलकर व्यापक जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। स्कूलों और कॉलेजों में नियमित कार्यशालाएं, जागरूकता कार्यक्रम और संवाद सत्र आयोजित करने को कहा गया, ताकि छात्र-छात्राओं को नशे के दुष्परिणाम और इससे बचाव के तरीकों की जानकारी मिल सके।

पुलिस विभाग को जिले के नशा प्रभावित और संवेदनशील हॉटस्पॉट क्षेत्रों की GIS मैपिंग कराने के निर्देश दिए गए हैं। इन इलाकों की नियमित निगरानी के साथ मादक पदार्थों की खरीद-बिक्री और अवैध कारोबार में शामिल लोगों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने को कहा गया।

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वहीं, पोस्त की खेती पर रोक लगाने के लिए आबकारी विभाग को संबंधित क्षेत्रों में नियमित छापेमारी करने के निर्देश दिए गए। प्रशासन ने स्पष्ट किया कि नशे के अवैध कारोबार से जुड़े नेटवर्क पर कार्रवाई के साथ ही नशे की गिरफ्त में आए लोगों को स्वास्थ्य सेवाओं और सामाजिक पुनर्वास से जुड़ी आवश्यक सहायता भी उपलब्ध कराई जानी चाहिए।

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अपर जिलाधिकारी ने अधिकारियों को नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान की नियमित समीक्षा करने और कार्रवाई को लगातार प्रभावी एवं परिणामोन्मुख बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने सभी विभागों से ठोस कार्ययोजना के तहत समन्वय के साथ काम करने को कहा।

बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. मनोज कुमार शर्मा, पुलिस क्षेत्राधिकारी अंकित कंडारी, जिला समाज कल्याण अधिकारी दीपांकर घिल्डियाल, आबकारी निरीक्षक शिव प्रसाद व्यास समेत शिक्षा, पुलिस, स्वास्थ्य, आबकारी और अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।

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Author: Shakshi Negi
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