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जो रूट ने रचा इतिहास- टेस्ट क्रिकेट में 41 शतक लगाकर रिकी पोंटिंग की बराबरी की

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जो रूट ने रचा इतिहास- टेस्ट क्रिकेट में 41 शतक लगाकर रिकी पोंटिंग की बराबरी की

टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाजों की सूची में संयुक्त रूप से चौथा स्थान किया हासिल

नई दिल्ली। सिडनी क्रिकेट ग्राउंड पर खेले जा रहे एशेज 2025-26 के निर्णायक पांचवें टेस्ट में जो रूट ने एक बार फिर साबित कर दिया कि क्यों उन्हें मौजूदा दौर के महानतम टेस्ट बल्लेबाजों में गिना जाता है। इंग्लैंड के अनुभवी बल्लेबाज ने दबाव भरे मुकाबले में शतक जमाकर न सिर्फ टीम को मजबूती दी, बल्कि अपने नाम कई ऐतिहासिक उपलब्धियां भी दर्ज कर लीं। रूट की यह पारी आंकड़ों से कहीं आगे जाकर उनके अनुभव, संयम और निरंतरता की कहानी बयां करती है।

रिकॉर्ड बुक में रूट का नाम और गाढ़ा

इस शतक के साथ जो रूट ने टेस्ट करियर का 41वां शतक पूरा किया और ऑस्ट्रेलिया के पूर्व कप्तान रिकी पोंटिंग की बराबरी कर ली। इसके साथ ही उन्होंने कुमार संगकारा को पीछे छोड़ते हुए टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक लगाने वाले बल्लेबाजों की सूची में संयुक्त रूप से चौथा स्थान हासिल कर लिया। रूट अब उस एलीट क्लब में शामिल हैं, जहां उनसे आगे सिर्फ सचिन तेंदुलकर और जैक कैलिस मौजूद हैं।

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2021 के बाद शुरू हुआ रूट का स्वर्णिम दौर

जो रूट के करियर में 2021 के बाद एक नया अध्याय शुरू हुआ। इस अवधि में उन्होंने टेस्ट क्रिकेट में सबसे ज्यादा 24 शतक जड़े हैं। मौजूदा पीढ़ी के कई दिग्गज बल्लेबाज इस दौरान रूट के आसपास भी नहीं पहुंच पाए। यह आंकड़े रूट की फिटनेस, तकनीकी मजबूती और मानसिक संतुलन को दर्शाते हैं, जिसने उन्हें लंबे समय तक शीर्ष स्तर पर बनाए रखा।

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विदेशी एशेज में खास कारनामा

ऑस्ट्रेलिया की धरती पर शतक लगाना हमेशा इंग्लैंड के बल्लेबाजों के लिए कठिन चुनौती रहा है। जो रूट अब 1994/95 के बाद ऐसे चुनिंदा इंग्लिश बल्लेबाजों में शामिल हो गए हैं, जिन्होंने एक ही अवे एशेज सीरीज में दो शतक लगाए हैं। यह उपलब्धि उन्हें माइकल वॉन, एलिस्टेयर कुक और जोनाथन ट्रॉट जैसे दिग्गजों की श्रेणी में खड़ा करती है।

50 को 100 में बदलने की बेहतर होती क्षमता

जो रूट के खेल में सबसे बड़ा बदलाव उनकी कन्वर्जन रेट में देखने को मिला है। शुरुआती वर्षों में जहां अर्धशतकों को शतकों में बदलने में वह संघर्ष करते नजर आए, वहीं 2021 के बाद उनकी यह क्षमता दोगुनी से भी ज्यादा हो गई है। यह बदलाव उनके मैच टेम्परामेंट और रणनीतिक सोच की परिपक्वता को दर्शाता है।

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150+ स्कोर में भी महान खिलाड़ियों की कतार में

टेस्ट क्रिकेट में 150 से अधिक रन की पारियां खेलना किसी भी बल्लेबाज की महानता की पहचान मानी जाती है। जो रूट अब 17 बार यह कारनामा कर चुके हैं और इस मामले में वह डॉन ब्रैडमैन, ब्रायन लारा और सचिन तेंदुलकर जैसे दिग्गजों के बेहद करीब पहुंच चुके हैं। यह उपलब्धि उन्हें सर्वकालिक महान बल्लेबाजों की सूची में और मजबूत करती है।

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Author: Shakshi Negi
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